न्यूज रूटीन @ सारंगढ़। शासकीय निर्माण कार्यों की गुणवत्ता सुनिश्चित करने एवं भ्रष्टाचार पर प्रभावी अंकुश लगाने की मांग को लेकर जिला पंचायत सदस्य विनोद भारद्वाज ने मुख्यमंत्री के नाम जिला कलेक्टर को ज्ञापन सौंपा। ज्ञापन में प्रदेश में प्रचलित "बिलो रेट (Below Rate)" टेंडर व्यवस्था को समाप्त करने की मांग की गई है। ज्ञापन में कहा गया है कि वर्तमान में शासकीय निर्माण कार्यों के टेंडर एस्टीमेट (SOR) से 20 से 30 प्रतिशत तक कम दर पर स्वीकृत किए जा रहे हैं। इससे ठेकेदारों पर कम लागत में कार्य पूरा करने का दबाव बनता है, जिसके कारण निर्माण कार्यों की गुणवत्ता प्रभावित होती है। परिणामस्वरूप सड़क, भवन, पुल-पुलिया सहित अन्य शासकीय निर्माण कार्य अल्प समय में ही जर्जर होने लगते हैं, जिससे शासन की योजनाओं का उद्देश्य प्रभावित होता है और जनता को भी असुविधाओं का सामना करना पड़ता है। ज्ञापन के माध्यम से मांग की गई है कि प्रदेश में "बिलो रेट" टेंडर प्रणाली को समाप्त कर वास्तविक लागत के अनुरूप निर्माण कार्य कराए जाएं, ताकि गुणवत्तापूर्ण निर्माण सुनिश्चित हो, सरकारी धन का सदुपयोग हो तथा जनता को टिकाऊ और बेहतर आधारभूत सुविधाएं मिल सकें। जिला पंचायत सदस्य विनोद भारद्वाज ने कहा कि यदि किसी निर्माण कार्य को उसकी वास्तविक लागत से कम राशि में कराया जाएगा तो उसकी गुणवत्ता प्रभावित होना स्वाभाविक है। इससे शासन की करोड़ों रुपये की योजनाएं समय से पहले ही क्षतिग्रस्त हो जाती हैं, जिसका नुकसान सरकार के साथ-साथ आम जनता को भी उठाना पड़ता है। उन्होंने मुख्यमंत्री से मांग की कि प्रदेश में निर्माण कार्यों में पारदर्शिता, गुणवत्ता एवं जवाबदेही सुनिश्चित करने के लिए आवश्यक नीति-निर्णय लिए जाएं तथा गुणवत्तापूर्ण निर्माण कार्यों को प्राथमिकता दी जाए। ज्ञापन सौंपने के दौरान बड़ी संख्या में स्थानीय नागरिक उपस्थित रहे।