न्यूज रुटीन @ रायपुर — राजस्व मंत्री टंक राम वर्मा ने आज रायपुर तहसील कार्यालय और नवीन संभाग आयुक्त कार्यालय का औचक निरीक्षण कर प्रशासनिक अमले को कड़ा संदेश दिया। निरीक्षण के दौरान मंत्री को राजस्व मामलों के निपटारे में कछुआ गति और फाइलों के अव्यवस्थित रखरखाव के प्रमाण मिलने पर गहरी नाराजगी व्यक्त की।
मंत्री ने आम जनता से जुड़े नामांतरण, त्रुटि सुधार, सीमांकन और बंटवारे जैसे संवेदनशील प्रकरणों में हो रही देरी पर अधिकारियों को आड़े हाथों लिया और इन्हें शीघ्र निपटाने के सख्त निर्देश दिए। विशेषकर डायवर्सन (व्यपवर्तन) मामलों में प्रगति बेहद धीमी पाए जाने पर उन्होंने अनुविभागीय अधिकारी (SDM) रायपुर को कड़ी फटकार लगाई।
कार्यालय परिसरों की साफ-सफाई और फाइलों की व्यवस्था का भी मंत्री ने निरीक्षण किया। परिसर में फैली गंदगी तथा दस्तावेजों के अव्यवस्थित रखरखाव से मंत्री असंतुष्ट दिखाई दिए और कहा कि आम जनता की सुविधा के लिए कार्यालय में स्वच्छ वातावरण, बैठने की उचित व्यवस्था तथा सभी शासकीय दस्तावेजों का व्यवस्थित रखरखाव अनिवार्य होगा।
तहसील की कार्यप्रणाली को समझने के लिए मंत्री ने भुइयां शाखा, कानूनगो शाखा, WBN शाखा और मालजमादार शाखा का भी दौरा किया। उन्होंने तहसीलदार और नायब तहसीलदार न्यायालयों का सघन निरीक्षण कर कहा कि राजस्व कोर्ट की सुनवाई निरंतर होनी चाहिए। उन्होंने अधिकारियों को चेतावनी दी कि तारीख‑पे‑तारीख देने की प्रथा से आम नागरिकों को अनावश्यक परेशान नहीं होना चाहिए।
अधिकारियों ने निरीक्षण के समय आंकड़े प्रस्तुत किए — कुल दर्ज 65,390 मामलों में से 64,702 का निपटान किया जा चुका है और वर्तमान में केवल 688 मामले लंबित हैं। इस परिणाम को देखते हुए मंत्री ने शेष लंबित मामलों को निश्चित समय सीमा के भीतर शून्य करने का लक्ष्य दिया और नियमित प्रगति रिपोर्ट देने के निर्देश दिए।
निरीक्षण के दौरान मंत्री ने परिसर में मौजूद आम लोगों से भी बातचीत कर उनकी शिकायतें सुनीं और मौके पर ही संबंधित अधिकारियों को त्वरित निपटान के आदेश जारी किए। बाद में नवीन संभाग आयुक्त कार्यालय का भी दौरा करते हुए उन्होंने संभाग आयुक्त को राजस्व कार्यों की वास्तविक प्रगति का स्पष्ट रोडमैप तैयार करने और जिलावार निगरानी सख्त करने के निर्देश दिए।