न्यूज रुटीन @ सारंगढ़-बिलाईगढ़, 27 जून 2026। बिलाईगढ़ विधानसभा क्षेत्र के ग्राम पंचायत घोघरा में प्रधानमंत्री आवास प्लस 2.0 की सर्वे सूची को लेकर ग्रामीणों ने जोरदार विरोध प्रदर्शन किया। विवाद इतना बढ़ गया कि ग्राम सभा की बैठक शुरू होने से पहले ही स्थगित करनी पड़ी। ग्रामीणों ने सर्वे सूची में बड़े पैमाने पर गड़बड़ी, फर्जीवाड़े तथा पात्र हितग्राहियों के नाम हटाकर अपात्र लोगों को शामिल करने का आरोप लगाया।
ग्रामीणों के अनुसार पंचायत में रोजगार सहायक द्वारा लगभग 265 लोगों का सर्वे कर सूची तैयार की गई थी, लेकिन अंतिम प्रतीक्षा सूची में केवल 108 लोगों के नाम ही शामिल किए गए। उनका कहना है कि इससे बड़ी संख्या में वास्तविक पात्र परिवार प्रधानमंत्री आवास योजना के लाभ से वंचित हो गए हैं। ग्रामीणों का आरोप है कि सर्वे प्रक्रिया में जानबूझकर अनियमितताएं बरती गईं और कई जरूरतमंद परिवारों के नाम सूची से हटा दिए गए।
विरोध कर रहे ग्रामीणों ने दावा किया कि प्रतीक्षा सूची में ऐसे लोगों के नाम भी शामिल हैं, जिन्हें पहले ही प्रधानमंत्री आवास योजना का लाभ मिल चुका है। आरोप है कि कुछ मामलों में पहले पति के नाम पर आवास स्वीकृत होने के बावजूद अब उसी परिवार में पत्नी के नाम पर भी लाभ दिया जा रहा है। इसके अलावा अविवाहित युवक-युवतियों, नाबालिग बच्चों तथा संयुक्त परिवार में एक ही मकान में रहने वाले सदस्यों के नाम भी अलग-अलग पात्र हितग्राही के रूप में सूची में शामिल किए गए हैं, जबकि उनके अलग परिवार होने का कोई प्रमाण नहीं है।
ग्रामीणों ने यह भी आरोप लगाया कि प्रतीक्षा सूची में पूर्व सरपंच महादेव जाटवर का नाम भी शामिल है। ग्रामीणों के अनुसार इस संबंध में स्वयं पूर्व सरपंच ने भी अपने नाम के सूची में होने की पुष्टि की। वहीं वर्तमान सरपंच नर्सिंग बंजारे ने भी सूची में गड़बड़ी की आशंका जताते हुए कहा कि कई वास्तविक पात्र हितग्राहियों के नाम प्रतीक्षा सूची से बाहर कर दिए गए हैं, जिससे ग्रामीणों में भारी नाराजगी है।
ग्रामीणों ने मांग की है कि पूरी सर्वे सूची और प्रतीक्षा सूची की निष्पक्ष जांच कराई जाए तथा पात्र हितग्राहियों को योजना का लाभ सुनिश्चित किया जाए। फिलहाल ग्राम सभा स्थगित कर दी गई है और मामले को लेकर क्षेत्र में असंतोष का माहौल बना हुआ है।