Sarangarh news : बरमकेला का पेट्रोल पंप सील — डीजल बिक्री में अनियमितता पाई गई, जिले में जांच अभियान जारी

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बरमकेला पेट्रोल पंप सील: डीजल बिक्री में अनियमितता, सारंगढ़-बिलाईगढ़ में जांच तेज

Sarangarh news : बरमकेला का पेट्रोल पंप सील — डीजल बिक्री में अनियमितता पाई गई, जिले में जांच अभियान जारी

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न्यूज रुटीन @ बरमकेला/सारंगढ़-बिलाईगढ़ — कलेक्टर पदमिनी भोई साहू के निर्देश पर बरमकेला क्षेत्र में स्थित यश देव किसान सेवा केंद्र डबरा (आईओसीएल) पेट्रोल पंप की संयुक्त जांच के बाद प्रशासन ने बड़ी कार्रवाई करते हुए इसे आगामी आदेश तक सील कर दिया है। तहसीलदार, सहायक खाद्य अधिकारी और नापतौल निरीक्षक की टीम ने घटनास्थल पर जांच-पड़ताल की और डीजल विक्रय में अनियमितताएँ पाई जाने की पुष्टि की गई।
जांच टीम ने कहा कि मापतौल, बिक्री अंक, रिकॉर्ड और स्टॉक संबंधित दस्तावेजों का मिलान किया गया। प्रारंभिक निरीक्षण में पेट्रोल पंप पर डीजल की मात्रा और बिक्री के रिकॉर्ड में विसंगतियाँ, तथा मापक यंत्रों के सत्यापन से जुड़ी अनियमितताएँ दिखाई दीं, जिसके आधार पर तत्काल प्रभाव से दुकान सील करने का निर्णय लिया गया। संबंधित सामान और दस्तावेजों को लॉक कर प्रस्तुत आदेश तक बिल्कुल निष्क्रिय रखा जा रहा है।
प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि यह कार्रवाई उपभोक्ताओं के हितों की रक्षा और सरकारी मानक लागू कराने के उद्देश्य से की गई है। कलेक्टर पदमिनी भोई साहू ने निर्देश दिए हैं कि जिले भर में ईंधन विक्रय, मापतौल और स्टॉक की नियमित रूप से साझा—निरीक्षण की प्रक्रिया जारी रखी जाए ताकि किसी भी तरह की गड़बड़ी का समय रहते पता लगाया जा सके।
जिलाधिकारी के अनुसार अभियोजन और आवश्यक कानूनी कार्रवाई के विकल्पों पर भी विचार किया जा रहा है। पट्टा, बिक्री रजिस्टर, आईओसीएल से संबंधित अनुबंध और पेट्रोल पंप के उपकरणों की जांच के बाद दोष सिद्ध होने पर लाइसेंस रद्द करने और जुर्माना लगाने समेत सख्त कार्रवाई की जाएगी। अधिकारियों ने यह भी कहा कि दोषियों के खिलाफ आगे भी 'कठोर कार्रवाई' जारी रहेगी ताकि उपभोक्ता ठगे न जाएँ।
स्थानीय उपभोक्ता और वाहनों के मालिकों में इस कार्रवाई को लेकर मिश्रित प्रतिक्रिया है; कुछ का कहना है कि प्रशासन ने समय रहते कदम उठाकर अच्छा किया, जबकि कुछ दुकानदारों ने असुविधा और रोज़मर्रा के कामकाज पर असर की चिंता जताई। प्रशासन ने वादा किया है कि आवश्यक ईंधन आपूर्ति प्रभावित न हो, इसके लिए वैकल्पिक व्यवस्थाएँ देखी जा रही हैं।
आगे क्या होगा: जिले में अन्य पेट्रोल-डीजल विक्रेताओं की भी जांच जारी रहेगी। जांच टीमों ने स्थानीय स्तर पर आगे के निरीक्षण तेज करने और संदिग्ध मामलों की सूची तैयार करने के निर्देश दिए हैं। दोषी पाए जाने पर संबंधित के खिलाफ आपूर्ति नियमों, मापतौल मानकों और अनुबंधों के आधार पर कार्रवाई की जाएगी।